हिमेटोलॉजी क्या है हेमेटोलॉजिस्ट किसे कहते है।

हिमेटोलॉजी क्या है आज की जानकारी में हम इसके बारे में बात करने वाले हैं। यदि आप बायोलॉजी के स्टूडेंट हैं तो आपको उसके बारे में जरूर पता होना चाहिए यह बहुत ही महत्वपूर्ण टॉपिक होता है हिमेटोलॉजी में हमें ब्लड यानी कि खून के बारे में पूरा अध्ययन करना होता है। रक्त हमारे शरीर के हड्डियों के बीच में रहने वाले अस्थि मज्जा या बोन मैरो से बनता है।

हिमेटोलॉजी क्या है हिमेटोलॉजिस्ट किसे कहते हैं

हिमेटोलॉजी क्या है।

खून से संबंधित किए जाने वाले अध्ययन को हिमेटोलॉजी कहा जाता है जिसमें रक्त से संबंधित बीमारी, जांच के बारे में जानते हैं। तो चलिए हम रक्त यानी कि ब्लड के बारे में जानते हैं।

हेमेटोलॉजिस्ट किसे कहते है

हेमेटोलॉजिस्ट आंतरिक चिकित्सा विशेषज्ञ होते हैं जिन्हें आपके रक्त अस्थि मज्जा और लसिका तंत्र से संबंधित विकारों में अतिरिक्त प्रशिक्षण दिया जाता है वह विशेषज्ञ होते हैं जो अस्पतालों ब्लड बैंक को या क्लीनिक में काम कर सकते हैं हेमेटोलॉजिस्ट जो प्रयोगशाला में अभ्यास करते हैं उन्हें हेमेटोपैथोलॉजिस्ट कहा जाता है उन्हें पैथोलॉजी में प्रशिक्षित किया जाता है दवा की एक शाखा जो सूक्ष्मदर्शी या परीक्षणों के साथ शरीर के ऊतकों रक्त की जांच करते है।

रक्त क्या है

ब्लड एक प्राकृतिक कोलाइड है इसमें संयोजी उत्तक पाए जाते हैं जिसका pH 7.4 होता है या छारीय होता है। महिलाओं में पुरुष की अपेक्षा आधा लीटर रक्त कम होता है। रक्त का अध्ययन हिमेटोलॉजी के ही अंतर्गत आता है

कोलाइड क्या है

ऐसा तरल पदार्थ जिसे झाड़ने पर मैं पूरी तरह से क्षरण नहीं होता उससे कोलोइड कहा जाता है जैसे दूध

संयोजी ऊतक किसे कहते है

संयोजी उत्तक उसे कहते हैं जो पूरे शरीर को सहयोग किया रहता है कनेक्ट किए रहता है।

पीएच क्या होता है

पीएच एक मानक होता है जिसे अम्ल और छार की पहचान की जाती है। यदि किसी पदार्थ का पीएच मान 7 से ऊपर जाता है तो उसे छारीय कहते हैं और यदि पीएच मान 7 से नीचे आता है तो उसे अम्लीय कहते हैं।

मनुष्य में रक्त कितना होता है

पुरुष में रक्त का नार्मल वैल्यू 5.5 लीटर होता है और स्त्री में रक्त का नॉरमल वैल्यू 5 लीटर होता है। यह सब जानकारी हिमेटोलॉजी के अंतर्गत आता है।

ब्लड कहां पर स्टोर रहता है

रक्त हमारी शरीर के उदर गुहा में बाई तरफ इस प्लेन से हिंदी में प्लेहा करते हैं रक्त वही पर स्टोर रहता है। स्प्लीन यानी कि प्लेहा को हम ब्लड बैंक के नाम से भी जानते हैं।

हीमोग्लोबिन क्या है

हमारे रुधिर यानी कि रक्त में पाए जाने वाले लाल रक्त कोशिकाओं को हीमोग्लोबिन जाता है जिससे हमारे रक्त का रंग लाल होता है।

हिमोग्लोबिन की नॉरमल वैल्यू कितनी होती है

पुरुष में हीमोग्लोबिन की नॉरमल वैल्यू 14 mg/dl और स्त्री में हीमोग्लोबिन की नॉर्मल वैल्यू 13 mg/dl होती है।

रक्त परिसंचरण तंत्र किसे कहते हैं

हमारे शरीर में रक्त सर्कुलेट करता रहता है इसे हम रक्त परिसंचरण तंत्र कहते हैं रक्त परिसंचरण तंत्र की खोज विलियम हार्वे ने किया था।

रक्त के कार्य

  • रक्त हमारे शरीर में तापमान का नियंत्रण करता है
  • पोषण पदार्थों का परिवहन करता है
  • गैसों का परिवहन करता है
  • उत्सर्जित पदार्थों का परिवहन करता है

रक्त प्लाज्मा

यह रक्त का एक महत्वपूर्ण भाग है इसका 90% भाग जल होता है और 10% भाग में प्रोटीन तथा कार्बोहाइड्रेट होता है प्लाज्मा में पाया जाने वाला प्रोटीन फाइब्रिनोजेन तथा प्रोत्रांबिन होता है यह दोनों प्रोटीन रक्त को थक्का बनने में मदद करते हैं।

सेरम क्या है ?

जब रक्त प्लाज्मा में से फाइब्रिनोजेन नामक प्रोटीन निकाल लेते हैं तो शेष बचा हुआ रक्त ही सीरम कहलाता है सीरियल के पीले रंग का होता है बीमारियों की जांच सीरम से की जाती है।

रुधिकिम

हिमेटोलॉजी में यह रक्त का कण के भाग होता है इसे तीन भागों में बांटा गया है

  • लाल रक्त कणिका
  • श्वेत रक्त कणिका
  • प्लेटलेट

लाल रक्त कणिका (आरबीसी)

शुक्राणु का 99% भाग आरबीसी होता है आरबीसी की कुल संख्या 5 मिलियन (10 लाख) होती है आरबीसी में केंद्र तथा लाइसोसोम नहीं पाया जाता है आरबीसी को साइड भी कहते हैं आरबीसी का जीवनकाल 120 दिन होता है इसका निर्माण अस्थि मज्जा में होता है भूल से वस्था में इसका निर्माण लीवर से होता है खराब हुई आरबीसी स्क्रीन तथा यकृत में जाकर नष्ट हो जाती है इसलिए इनको आरबीसी का कब्र कहा जाता है।

आरबीसी का मुख्य कार्य ऑक्सीजन तथा CO2 का परिवहन होता है आरबीसी में हीमोग्लोबिन पाया जाता है और हिमोग्लोबिन के ही कारण रक्त का रंग लाल होता है हिमोग्लोबिन में आयरन पाया जाता है हिमोग्लोबिन ऑक्सीजन तथा CO2 का परिवहन करता है

  • पुरुष में हीमोग्लोबिन का स्तर 149m/100ml होता है महिलाओं में हीमोग्लोबिन का स्तर 129m/100ml होता है।

2.श्वेत रक्त कणिकाएं डब्ल्यूबीसी

इनकी संख्या 8000 से 10000 के बीच होती है इनमें केंद्रक होता है इसमें हीमोग्लोबिन नहीं होता है जिस कारण है सफेद रंग की होती है डब्ल्यूबीसी का आकार अनियमित होता है डब्ल्यूबीसी का निर्माण अस्थि मज्जा में होता है इसका जीवनकाल 4 दिन होता है डब्ल्यूबीसी को ल्यूकोसाइट भी कहते हैं डब्ल्यूबीसी हमें संक्रमण से बचाता है अर्थात रोगों से हमारी रक्षा करता है

3.प्लेटलेट

इसे थ्रंबोसाइड भी कहते हैं यह रक्त को थक्का बनाने में मदद करता है अर्थात यह रक्त के बहाव को रोकता है यह रंगीन होता है। इसका जीवनकाल 4 से 5 दिन होता है प्रति घन मीटर में इसकी संख्या दो से तीन लाख है डेंगू बीमारी में इसकी संख्या 50000 से भी कम हो जाती है।

लसीका क्या है

यह हल्के पीले रंग का होता है इसमें हीमोग्लोबिन नहीं पाया जाता है।

शरीर में बहुत सारी लसिका ग्रंथि पाई जाती हैं जिससे लसिका निकलकर आगे परिभाषित होता है लसिका का प्रभाव केवल एक दिशा में होता है अर्थात यह कोशिकाओं के से हृदय की ओर जाती है लश्कर शरीर को संक्रमण से बचाती है तथा शरीर में अतिरिक्त जल को अवशोषित कर लेता है

लसिक में O2 की अपेक्षा CO2 की अधिक होता है या घाव भरने का कार्य करती है यह रक्त में आरबीसी तथा प्लेटलेट के अंदर नहीं पाई जाती है पोलियो बीमारी में लश्कर तंत्र प्रभावित होता है।

रक्त का थक्का बनना

शरीर में किसी कटे स्थान पर रक्त का जम जाना ही रक्त का थक्का बनना कहलाता है। रक्त का थक्का 2 से 5 मिनट रक्त के थक्का बनने की प्रक्रिया को कैस्कैस (cascale process) कहते हैं।

रक्त का थक्का निम्नलिखित क्रिया द्वारा बनता है जब कहीं कटता है तो शरीर में रक्त बाहर आता है औरत वालों के संपर्क में आता है। जिस कारण रक्त में उपस्थित थ्रोंबोसाइट, थ्रांबोप्लास्टिन में बदल जाता है यह थर्मोप्लास्टिक कैल्शियम से क्रिया करके रक्त में पहले से उपस्थित प्रोथरोम्बिन को थ्रोंबिन में बदल देता है। यह थ्रांबिन रक्त में पहले उपस्थित फाइब्रोजन से क्रिया करके इसे फाइब्रिन में बदल देता है फाइबर की रचना जाली के समान होती है।

हेमरज नसों का फटना के कारण विटामिन k है शरीर के अंदर यदि रक्त जम जाए तो व्यक्ति की मृत्यु हो जाएगी रक्त के अंदर ही पैर इन नामक प्रोटीन पाया जाता है और जो शरीर के अंदर रक्त को जमने से रोकता है पता ही पर इनको एंटीक क्लोटिंग या एंटीकोगुलेंट कहते हैं हेपरिन वायु के संपर्क में आते ही निष्क्रिय हो जाती है ताकि खून का थक्का बन जाए हीमोफीलिया एक अनुवांशिक रोग है इस रोग में खून का थक्का नहीं बनता है।

अतः कटने पर रक्त भाव नहीं रुकेगा यह बीमारी इंग्लैंड की महारानी एलिजाबेथ से प्रारंभ हुआ

आरएच फैक्टर क्या है

इसकी खोज 1940 में लैंड स्टेनर तथा विनर ने किया यह एक विशेष रूप का एंटीजन होता है इसे सबसे पहले रिसेस नामक बंदर में देखा गया था अतः इसे आरएच कहते हैं।

जिसमें यह आर्यन उपस्थित रहता है उसे आरएच पॉजिटिव कहते हैं और जिसमें यह आरएच नहीं पाया जाता है उसे आरएच नेगेटिव कहते हैं भारत में 95% लोग आरएच पॉजिटिव है।

रक्त का आधार क्या है

जब किसी व्यक्ति को बाहर से रक्त दिया जाता है तो उसे रक्त का आधार कहते हैं। ब्लड बैंक में रक्त चरित प्रतिशत पर रखा जा रहता है एक व्यक्ति एक बार में एक यूनिट अर्थात 200ml रक्तदान कर सकता है भारत में एक यूनिट ब्लड का मूल्य 1200 से ₹2000 के बीच में रहता है। जब रक्त का दान करते हैं तो ब्लड ग्रुप के साथ-साथ आरएच का भी मिलान करते हैं यदि हमारे स्पोर्ट्हिप का रक्त किसी आरएच नेगेटिव वाले को दे दें तो पहली बार में कुछ नहीं होगा किंतु दूसरी बार आरएच नेगेटिव वाला व्यक्ति की मृत्यु हो जाएगी क्योंकि इस स्थिति में रखते अत्यधिक चिर चिर हो जाता है और वह प्रभावित हो जाता है इससे रक्त को अभिस्लेषण कहते हैं।

ओ नेगेटिव वाले रक्त को सर्वदाता कहा जाता है क्योंकि इसमें सभी प्रकार के एंटीजन तथा आर एस पाया जाता है।

एरिथ्रोलास्टोसिस क्या है

यदि पिता का आरएच पॉजिटिव और माता का आरएच नेगेटिव है तो इस स्थिति में पहली संतान पर कोई प्रभाव नहीं पड़ेगा किंतु उसके बाद को संतान मृत पैदा होगी या पैदा होने के बाद तुरंत मर जाएगी।

बॉम्बेब्लड ग्रुप क्या होता है

यह एक विशेष प्रकार का रक्त समूह है जो 40 लाख लोगों में से किसी एक में पाया जाता है। इसमें एंटीजन ए,बी व ओ होता है इसकी खोज 1952 में मुंबई में डॉक्टर वाई एम भेंडे द्वारा किया गया। अतः इसे बॉम्बे ब्लड ग्रुप कहते हैं।

रक्त कितने प्रकार का होता है?

रक्त मुख्य रूप से चार प्रकार का होता है जिसे ए, बी, एबी और वो कहा जाता है। औरत के इन्हीं समूह को ब्लड ग्रुप कहा जाता है।

शरीर रक्त को शुद्ध कौन करता है?

मनुष्य के शरीर में फेफड़ों में एक फुसफुस धमनी से अशुद्ध रक्त लाती है फेफड़ों में रक्त का शुद्धिकरण होता है रक्त में ऑक्सीजन का मिश्रण होता है।

रक्त में क्या क्या पाया जाता है?

रक्त एक विशेष प्रकार का उत्तक है इसमें आरबीसी डब्ल्यूबीसी प्लेटलेट होता है।

मानव शरीर में कितना लीटर खून होता है?

एक सामान्य पुरुष के शरीर में 5.5 लीटर रक्त होता है और एक सामान्य महिला में 5 लीटर रक्त होता है।

हिमोग्लोबिन में कौन सा पदार्थ पाया जाता है?

हिमोग्लोबिन में आयरन पाया जाता है और इसी हीमोग्लोबिन की वजह से रक्त लाल होता है।

1 यूनिट रक्त कितना होता है ?

एक यूनिट में ब्लड की मात्रा 450 मिलीलीटर होती है यह लगभग 477 ग्राम होता है।

हीमोग्लोबिन की कमी से कौन सा रोग होता है?

हमारे शरीर में खून की कमी आने की हिमोग्लोबिन की कमी से एनीमिया नामक रोग हो जाता है।

आज की जानकारी में हमने हिमेटोलॉजी के बारे में जाना हिमेटोलॉजी में क्या-क्या बताया जाता है क्या पढ़ाया जाता है ब्लड के बारे में काफी ज्यादा कुछ जाना हिमेटोलॉजी में और भी अधिक जानकारियां है हमने यहां पर सिर्फ रक्त के कुछ महत्वपूर्ण पॉइंट के बारे में बताया।

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