स्टेनलेस स्टील के बर्तन में खाना बनाने के फायदे और नुकसान

दोस्तों स्टेनलेस स्टील का प्रयोग आजकल आम हो गया है। यह एक मिश्रित धातु है जो लोहे में कार्बन क्रोमियम और निकल बनाकर बनाई जाती है। इसे खाना पकाने और बनाने में सेहत को कोई नुकसान नहीं होता। लेकिन एक नए रिसर्च रिसर्च के अनुसार स्टेनलेस स्टील के बर्तन बीमारी को न्योता दे सकते हैं। इससे खाना पकाने या बनाने में सेहत को कोई नुकसान नहीं होता। इन बर्तनों का तापमान बहुत जल्दी बढ़ता है। इसमें खाना पकाते समय ध्यान देना बहुत जरूरी होता है जी हां स्टेनलेस स्टील के खाना बनाने वाले बर्तनों पर वोलिव ऑयल या कैनाल तेल की कोटिंग से दरारे भर जाते हैं साथ ही बैक्टीरिया की वृद्धि दर को रोकता है।

स्टील-के-बर्तन-में-खाना-बनाने-के-फायदे-और-नुकसान

एक नए शोध में जानकारी दी गई है स्टेनलेस स्टील के बर्तनों को बार-बार उपयोग करने और मजने से इसकी सतह पर बहुत ही जल्द दरारे आ जाती है। इसमें बैक्टीरिया घर बना लेते हैं यह बैक्टीरिया बायोफिल्स के छुपने की आदर्श जगह होती है। हालांकि इन बर्तनों के सतह के दरारों को ऐसी आंखों से देखना मुश्किल होता है लेकिन उनमें बैक्टीरिया भरे हो सकते हैं। जिनका आकार बहुत ही सूक्ष्म में होता है।

इन दरारों में फंसे भोजन और सालमोनेला बैक्टीरिया, ईकोलाई जीवाणुओं के होने से कई तरह के इंफेक्शन का खतरा होता है। लेकिन इन बर्तनों पर खाद्य तेल की पतली परत कोटिंग करने पर इन खतरों से प्रभावित ढंग से बचा जा सकता है। स्टेनलेस स्टील की सतह पर रोजाना खाद्य तेल की कोटिंग करने से बैक्टीरिया को रोकने में बहुत मदद मिलती है।

स्टेनलेस स्टील क्या है ?

स्टेनलेस स्टील एक जंग रोधी धातु है जिसे क्रोमियम और निखिल तथा साधारण स्टेनलेस स्टील के मिश्रण से बनाया जाता है। इसमें 15 से 20% क्रोमियम और 8 से 10% निखिल मिलाया जाता है।

रिसर्च टीम ने एक नया सरल समाधान प्रस्तावित किया है माइक्रोस्कोपिक स्क्रैच, दरारें को भरने के लिए धातु की सतह पर खाना पकाने के लिए तेल की एक पतली परत लगाना जीवाणुओं के वृद्धि के लिए बाधा उत्पन्न करता है। जांच के दौरान उन्होंने पाया कि इस समाधान के परिणाम स्वरूप औद्योगिक मशीनों के अंदर बैक्टीरिया के स्तर में 1000 गुना कमी आई है। हर रोज खाना पकाने के तेल के साथ एक स्टेनलेस स्टील की सतह पर कोटिंग करना बैक्टीरिया हटाने का काम करता है।

दोस्तों अक्सर हमारे घरों में स्टेनलेस स्टील के बर्तन में खाना बनाया जाता है। पहले एलमुनियम के बर्तनों में खाना बनाया जाता था लेकिन कुछ रिसर्च के रिपोर्टों के अनुसार यह बात सामने आई कि एलुमिनियम के बर्तन में खाना बनाने से काफी नुकसान होता है। हमारे स्वास्थ्य के लिए, सभी घरों में देखा जा रहा है। स्टेनलेस स्टील के बर्तनों में खाना बनाया जाता है यह किस प्रकार से कितना हमारे स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाते हैं।

स्टेनलेस स्टील के बर्तन में खाना बनाने के फायदे और नुकसान

स्टेनलेस स्टील के खाना बनाने वाले बर्तनों पर पतले तेल जैसे ऑलिव ऑयल, कॉर्न आयल, कैंडल इसकी कोटिंग की जाती है जिससे इसकी दरारें भरे जाते हैं और यह बैक्टीरिया को रोकता है। लेकिन इन्हें बार-बार प्रयोग करने से जिससे कि धोते साफ करते इस तरह से उसमें बहुत सारे पतली पतली दरारे आ जाते हैं। स्टील के बर्तन में जो कि हमें सामान्य आंखों से नहीं दिखाई देते और यही दरारें बैक्टीरिया, बायोफिल्स के छुपने की लिए जगह बन जाते हैं। और इन्हीं दरारों में बैटरी अपना कर बना लेते हैं।

ऐसे में खाना बनाते समय ध्यान देना है इन बर्तनों की जो सतह होती है उसमें दरारें या खरोच ना आए, लेकिन हम इन दरारों को सामान्य आंखों से नहीं देख सकते हैं यदि माइक्रोस्कोप से देखा जाए तो हमें दिखाई देंगे।

इन माइक्रो बैक्टीरिया बायो फिर से बचने के लिए स्टैंडर्ड स्टील के बर्तनों के ऊपर खाद्य तेलों की कोटिंग की जाती है जिससे बर्तन में दरारें भर जाते हैं और बैक्टीरिया नहीं लगते है।

Leave a Reply