NGO शुरू करने की प्रक्रिया और जरूरी दस्तावेज

यदि आप एक गैर-सरकारी संस्था शुरू करना चाहते हैं तो उससे पहले आपको NGO के बारे में पूरी जानकारी होनी चाहिए नॉन गवर्नमेंटअल ऑर्गेनाइजेशन क्या है एनजीओ कितने प्रकार के होते हैं और गैर-सरकारी संस्था के द्वारा कौन-कौन से कार्य किए जाते हैं इसके बारे में आपको जरूर पता होना चाहिए हमने अपनी पिछली जानकारी में बताया है गैर-सरकारी संस्था क्या है एनजीओ के प्रकार के बारे में और एनजीओ के द्वारा कौन-कौन से कार्य किए जा सकते हैं जानकारी को आप पढ़ सकते हैं।

क्या आप गरीब जरूरतमंद लोगों की मदद करना चाहते हैं जिसके लिए आप एनजीओ रजिस्ट्रेशन करने के बारे में भी सोच रहे हैं तो आपको इस जानकारी को पूरा पढ़ना है जिसमें एनजीओ शुरू करने के बारे में पूरी जानकारी बताएंगे।

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कई लोग अपनी समस्या के लिए आवाज नहीं उठा पा रहे हैं उनकी समस्याओं को कोई नहीं सुनता इसलिए किसी भी एनजीओ का उद्देश्य लोगों की समस्याओं को सुनना समझना और उसके अनुसार अपना कार्य करना है।

एनजीओ शुरू कैसे करें (How to Start NGO)

एनजीओ शुरू करने से पहले आपको एक संगठन बनाना होगा। जिसमें 7 सदस्य आपको बनाने होंगे जो आपके एनजीओ के मुख्य सदस्य माने जाएंगे।

लेकिन गैर-सरकारी संस्था को स्थापित करने के लिए आपको इसके लक्ष्य उद्देश्यों के साथ-साथ इसके अध्यक्ष, उपाध्यक्ष, सचिव, कोषाध्यक्ष, सलाहकार सदस्य आदि के सदस्यों को भी तय करना होगा ये सब मिलकर एनजीओ का गठन करेंगे।

और इन सभी लोगों को एनजीओ के बारे में जानकारी होना चाहिए गैर-सरकारी संस्था के नियम कानून और NGO के उद्देश्य और मिशन सब जानकारी अपने सदस्यों को जरूर बताएं और उन्हें अच्छे कार्य के लिए प्रेरित करें।

एनजीओ शुरू करने के लिए आवश्यक दस्तावेज (NGO Documents)

यदि आप एनजीओ मे रजिस्ट्रेशन करना चाहते हैं तो आपके पास कुछ जरूरी दस्तावेज होने जरूरी है जैसे

  • ट्रस्ट डीड मेमोरेंडम आफ एसोसिएशन
  • रूल्स एंड रेगुलेशन मेमोरेंडम/आर्टिकल (एनजीओ के रूल रेगुलेशन का फॉर्म)
  • एसोसिएशन रेगुलेशन एफिडेविट
  • राष्ट्रपति शपथ पत्र
  • आईडी प्रूफ (वोटर आईडी/आधार कार्ड/पैनकार्ड)
  • रेजिडेंस प्रूफ (अपना एक निवास प्रमाण पत्र भी देना होगा)
  • रजिस्टर ऑफिस ऐड्रेस प्रूफ (एनजीओ कोहली एक ऑफिस बनाना होगा इसका एड्रेस प्रूफ प्रमाण पत्र बनवाना होगा)
  • पासपोर्ट

यह सभी दस्तावेज गैर-सरकारी संस्था शुरू करने से पहले आप को इकट्ठा कर लेना है यदि समझ में ना आए तो आप एक अच्छे वकील से मिलकर इसके बारे में पूरी तरह से बात करके जानकारी ले सकते हैं। आपको इसके तहत एक बैंक अकाउंट भी खोलना होता है। जिसके लिए आपको पैन कार्ड होना जरूरी है।

एनजीओ रजिस्ट्रेशन कैसे कराएं

एक एनजीओ स्थापित करने के लिए लोगों का एक समूह बनाए जो वित्तीय प्रबंधन मानव संसाधन और नेटवर्किंग सहित कई कार्यो को एक सही रणनीति के साथ कर सकें और उन निर्णयों को लेने के लिए पूरी तरह से जिम्मेदार हो सके।

भारत में एनजीओ शुरू करने के लिए तीन प्रोसेस होते हैं जिसमें 3 एक्ट्स में से किसी एक में NGO को रजिस्टर करवा सकते हैं। चलिए इन तीन अधिनियमों के बारे में जान लेते हैं।

  1. ट्रस्ट अधिनियम
  2. सामाजिक अधिनियम
  3. कंपनी अधिनियम

1.ट्रस्ट अधिनियम

ट्रस्ट एक्ट भारत के अलग-अलग राज्यों में अलग अलग है लेकिन किसी भी राज्य में ट्रस्ट एक्ट नहीं है तो इस राज्य में 1882 ट्रस्ट एक्ट लागू होता है इस अधिनियम के तहत कम से कम 2 ट्रस्टी होना आवश्यक है।

अगर आप इस एक्ट के तहत एनजीओ का रजिस्ट्रेशन कराना चाहते हैं तो आपको ऑफिस आप चैरिटी कमिश्नर या रजिस्ट्रार में आवेदन करना होगा। ट्रस्ट एक्ट के तहत एक एनजीओ को पंजीकृत करने के लिए आपको एक डीड दस्तावेज लागू करना होगा।

2.समाज अधिनियम

इस अधिनियम में एनजीओ को सोसायटी ओं के रूप में पंजीकृत किया जाता है लेकिन कुछ राज्यों में जैसे कि महाराष्ट्र राज्य में सोसायटी अधिनियम गैर सरकारी संगठनों को भी ट्रस्टी के रूप में पंजीकृत किया जा सकता है।

सोसायटी एक्ट में रजिस्ट्रेशन के लिए मेमोरेंडम ऑफ एसोसिएशन एंड रूल्स एंड रेगुलेशन डॉक्यूमेंट लगाया जाता है इस दस्तावेजों को बनाने के लिए कम से कम 7 सदस्यों की आवश्यकता होती है।

3.कंपनी अधिनियम

कंपनी अधिनियम के तहत NGO के पंजीकरण के लिए मेमोरेंडम एंड आर्टिकल्स आफ एसोसिएशन और रेगुलेशन डॉक्यूमेंट की आवश्यकता होती है इस दस्तावेज को बनाने के लिए किसी भी प्रकार के स्टांप पेपर की आवश्यकता नहीं है और दस्तावेज बनाने के लिए कम से कम 3 सदस्यों का होना आवश्यक है।

इन तीन नियमों के माध्यम से आप एनजीओ में पंजीकरण करा सकते हैं। भारत में गठित एनजीओ ने लोगों को अपना भाग्य बदलने में मदद की है और उन्हें ऐसी सुविधाएं प्रदान की है जिससे उन्हें एक नया जीवन मिल सके आइए जानते हैं। भारत के कुछ NGO के बारे में जिन्होंने बहुत अच्छा कार्य किया है। जैसे मुस्कान फाउंडेशन नन्ही कली गिव इंडिया फाउंडेशन गूंज हेल्प एज इंडिया जैसे एनजीओ है जिन्होंने भारत में अच्छा काम किया है।

एनजीओ में फंड कैसे मिलता है

अब बात कर लेते हैं गैर-सरकारी संस्था में फंड के बारे में एनजीओ में फंडिंग कैसे होती है हमें फंड कहां से मिलेगा इसके बारे में भी आपको पता होना चाहिए।

एनजीओ के लिए वेबसाइट बनाएं

अगर आप कोई गैर-सरकारी संस्था शुरू करने जा रहे हैं तो आपको NGO की एक पर्सनल वेबसाइट बनानी होगी उस पर अपने एनजीओ की पूरी जानकारी देनी होगी आपके नॉन गवर्नमेंटअल ऑर्गेनाइजेशन का मुख्य उद्देश्य क्या है। इसके बारे में क्या करते हैं और क्या कार्य कर रहे हैं सब अपनी वेबसाइट में जरूर डालें लोगों की क्या-क्या आर्थिक मदद से की जा रही हैं। उसके बारे में भी अपडेट करते रहें और अपनी वेबसाइट में एक डोनेशन अकाउंट भी बना बनाएं इसके माध्यम से लोग अपने ऑनलाइन आपको डोनेशन जाने की फंड एनजीओ अकाउंट में भेज सकें।

कार्यक्रम का आयोजन

अगर आप रजिस्टर्ड एनजीओ चला रहे हैं तो आप को सरकार की तरफ से आर्थिक मदद भी मिल सकती है। इसके लिए आपको कुछ नहीं हुआ और भी नियमों का पालन करना होगा।

निजी कंपनियों से संपर्क करें

बड़ी-बड़ी कंपनियां अपनी समाज सेवा को पूरा करने के लिए छोटे-छोटे ngo को डोनेशन देते हैं। आप निजी कंपनियों से संपर्क करके अपने कार्य के लिए उन्हें दान के लिए प्रेरित कर सकते हैं। इसके लिए आपको ऑनलाइन आवेदन करना होगा ताकि आप आगे आपको काफी काम मिल सके।

तो इस तरह से NGO में फंड मिल सकता है। लेकिन उसके लिए पहले आप के एनजीओ को बढ़ाना होगा और लोगों तक इसके बारे में जानकारी पहुंचा नहीं होगी और कुछ अपनी तरफ से लोगों की मदद करनी होगी इससे आपके एनजीओ का नाम हो और सरकार भी इसके लिए आगे आए उसमें अपना मदद करें सहयोग करें।

तो दोस्तों आज की जानकारी में हमने आपको एनजीओ के बारे में बताएं NGO शुरू कैसे करें। एनजीओ के लिए आवश्यक दस्तावेज क्या है साथ ही हमने जाना एनजीओ में फंड कैसे मिलता है यदि आपको यह जानकारी संबंधित कुछ पूछना है। नीचे कमेंट बॉक्स में कमेंट करके हमसे पूछ सकते हैं और इस जानकारी को पढ़ने के लिए धन्यवाद।

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